विश्व हृदय दिवस पर भाषण

साथियों जैसा कि आप सभी को विदित है। हर साल की तरह इस साल भी विश्व भर में विश्व हृदय दिवस का आयोजन किया जा रहा है जो कि हर साल 29 सितंबर को किया जाता है। इस दिवस के आयोजन का उद्देश्य विश्व भर में हृदय रोगों से हो रही मृत्यु से बचने के लिए हृदय रोगों से लोगों को जागरूक करना है। आप सभी जानते हैं कि हृदय हमारे शरीर का एक बहुत ही महत्वपूर्ण अंग हैं।

फोटो विज्ञापन पर क्लिक करें

जिसके बिना हमारा जीना नामुमकिन है। लेकिन आज के इस आपाधापी वाले युग में मानव अपने शरीर पर ठीक से ध्यान नहीं रख पा रहा है। प्रतिदिन जीवन की भागदौड़ में वह अपने शारीरिक क्रियाओं को भूलता जा रहा है।जिसके कारण मानव शरीर में अनेकों बीमारियों ने जन्म ले लिया है।जिसमें बहुत ज्यादा संख्या में हृदय रोगी भी पाए जा रहे हैं। साथियों इन सभी समस्याओं को ध्यान में रखते हुए विश्व हृदय दिवस मनाने की शुरुआत सन 2000 में की गई। इस दिवस के दिन हृदय रोगों के प्रकार हृदय रोग होने के कारण व उनके निवारण के बारे में बात की जाती है। अगर इसके रोग के मुख्य कारणों की बात की जाए तो खानपान का सही नहीं होना, शारीरिक श्रम की कमी,तनावग्रस्त जीवन शैली, अत्यधिक शराब का सेवन तंबाकू व धूम्रपान करना है। लोगों में बढ़ा हुआ कोलेस्ट्रोल उच्च रक्तचाप डायबिटीज अधिक वजन व मोटापा आदि हैं। हमें हृदय संबंधित रोगों से बचने के लिए आज के समय में हमारी जीवन शैली में बदलाव करने की जरूरत है। हमें अपने खानपान को सुधारना होगा व अत्यधिक शारीरिक श्रम व व्यायाम कर शारीरिक क्रियाओं को सुचारू करना होगा।हमें अपने खान-पान में कम वसा व उच्च प्रोटीन युक्त आहार जैसे कि साबुत अनाज फलों तथा सब्जियों को शामिल करना चाहिए व डिब्बाबंद जमे हुए खाद्य पदार्थों का सेवन करने से बचना चाहिए शराब का सेवन तंबाकू व धूम्रपान जैसी आदतों को को छोड़ देना चाहिए।

फोटो विज्ञापन पर क्लिक करें

प्रत्येक दिन कम से कम 30 मिनट के लिए व्यायाम करें और नमक का सेवन कम कर दें वही मनोरंजनपूर्ण गतिविधियों द्वारा अपने तनाव को कम करें अपना वजन ब्लड प्रेशर ग्लूकोज और कोलेस्ट्रोल के स्तर को नियंत्रित रखें व समय-समय पर अपनी स्वास्थ्य जांच करवाएं आज विश्व हृदय दिवस के मौके पर हम सब अपनी जीवनशैली में इन सभी को अपनाने का प्रण लें आशा है आने वाले समय में हम हृदय रोग पर जागरूक होकर इस रोग को नियंत्रित कर सकेंगे धन्यवाद जय हिंद जय भारत

The Author

लेखक:- सविता रामभरोसे

नमस्कार वेबसाइट बाल संसार हिंदी में आपका स्वागत है।सविता जी जिन्होंने हिंदी विषय से  स्नातकोत्तर व बीएड की डिग्री अर्जित की है।श्री रामभरोसे जी ऐसे हैं। भई रामभरोसे 1998 में किसी तरह दसवीं कर पाये ,2006 में 12वीं कर आये, 2012 में स्नातक कर पाये, 2014 में अंग्रेजी साहित्य से स्नातकोत्तर की डिग्री ले आये। आर्टिकल में सब लिखने के बाद सविता जी से चेक करवाये बाल संसार हिंदी के वेब डेवलपर कंटेंट राइटर लेखक सभी की भूमिका यह अकेले ही निभाये। बस इतना ही है। कि आप इनके नाम से परिचित हो जाएं रामभरोसे समझकर इनका साथ निभाएं धन्यवाद

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *